क्रिस्मसडे का बहिष्कार करते है हम सभी हिन्दू..

Bottom Article Ad

क्रिस्मसडे का बहिष्कार करते है हम सभी हिन्दू..

*🙏🚩क्रिस्मसडे का बहिष्कार करते है हम सभी हिन्दू*🚩🙏🏹🇮🇳✊

*🚩 भारत देश ऋषि-मुनियों का देश रहा है, विदेशी आक्रमणकारियों ने भारत में आकर भारतीय दिव्य संस्कृति को खत्म करने के लिये अपनी पश्चिमी संस्कृति थोपना चाही है, लेकिन भारत में आज भी कई साधु-संत एवं हिन्दूनिष्ठ है जो भारत में राष्ट्र विरोधी विदेशी ताकतों से टक्कर लेकर भी समाज उत्थान के लिये हिन्दू संस्कृति बचाने का दिव्य कार्य कर रहे है ।* 

*🚩 ईसाई धर्म का त्यौहार 25  दिसम्बर से 1 जनवरी के बीच में Festival के नाम पर #शराब और #कबाब का जश्न मनाना, #डांस पार्टी आयोजित करके*  *बेशर्मी का प्रदर्शन करना, पशुओं की हत्या करके उसका मांस खाना* , *सिगरेट, चरस आदि पीना यह भारतीय त्यौहारों के विरुद्ध है ।*

*24 घंटे ऑक्सिजन देने वाले पीपल के पेड़ के नीचे घी का दीपक जलाने वाले हिंदुओं को अंधविश्वासी कहने वाले लोग..,* 
.
*25 दिसंबर को प्लास्टिक के पेड़ पर ढेरों बल्ब जला के संटा क्लोज का इंतज़ार करते हुए अपनी आधुनिकता का परिचय देंगे ।*

*हम ने अपना इतिहास भुला दिया l*
*ये जो सप्ताह अभी चल रहा है यानि 20 दिसम्बर से ले के 27 दिसम्बर तक इन्ही 7 दिनों में गुरु गोबिंद सिंह जी का पूरा परिवार शहीद हो गया था* 

*इधर हिन्दुस्तान Christmas के जश्न में डूबा एक दूसरे को बधाइयां दे रहा है।*

*एक ज़माना था जब यहाँ पंजाब में इस हफ्ते सब लोग ज़मीन पे सोते थे l क्योंकि माता गूजरी ने l वो रात दोनों छोटे साहिबजादों के साथ नवाब वजीर खां की गिरफ्त में सरहिन्द के किले में ठंडी बुर्ज में गुजारी थी l*

*ये सप्ताह सिख इतिहास में शोक का सप्ताह होता है पर आज देखता हूँ कि पंजाब समेत पूरा हिन्दुस्तान जश्न में डूबा है l*

*गुरु गोबिंद सिंह जी की कुर्बानियों को भुला दिया है*
🙏🏹🇮🇳🚩✊[24/12, 8:24 am] प्रकाश माली मित्र मण्डल: गुरुगोबिंद सिंह जी ने अपने साथ बाज ही क्यों रखा कोई और पंछी क्यों नही ??
मै यह बात बहूत समय से सोच रहा था।आज उसका कुछ उत्तर सा मिला -
गुरुगोबिन्द सिंह जी जो भी करते थे उसके पीछे कौम के लिये कोई संदेश जरूर होता था। इसके पीछे भी था |
1 गुण - बाज़ को कभी गुलाम नही रख सकते या तो वो पिंजरा तोड़ देगा या मर जायगा लेकिन गुलाम नही रहेगा |
2 गुण - बाज़ कभी किसी का किया हुआ शिकार नही खाता |
3 गुण - बाज़ बहुत ऊपर उड़ता है लेकिन इतना ऊपर उड़ने के बाद भी उसकी नज़र हमेशा ज़मीन पर ही होती है |
4 गुण - बाज़ सारी जिंदगी कभी अपने पास आलस नही आने देता |
5 गुण - बाज़ कभी अपना घर या घोंसला नही बनाता 18 वीं सदी में सिक्ख भी ऐसा ही करते थे |
6 गुण -बाज़ दूसरे पंछियों के समान हवा के साथ नही उड़ता बल्कि हवा के विपरीत साइड में उड़ता है
गुरु साहब की सोच को शत शत प्रणाम।🙏
#धन_धन_श्री_गुरु_गोबिंद_सिंह_जी
#वाहेगुरु_जी🙏🙏🙏
 प्रकाश माली मित्र मण्डल: *आओ आपकोबजर क़ुरबानी की एक ऐसी मिसाल से अवगत करवाते हैं जो दुनियां में शायद ही कहीं मिले:*

_*21 दिसंबर:*_

 श्री गुरु गोबिंद सिंह जी ने परिवार सहित श्री आनंद पुर साहिब का किला छोड़ा।

_*22 दिसंबर:*_

 गुरु साहिब अपने दोनों बड़े पुत्रों सहित चमकौर के मैदान में पहुंचे और गुरु साहिब की माता और छोटे दोनों साहिबजादों को गंगू नामक ब्राह्मण जो कभी गुरु घर का रसोइया था उन्हें अपने साथ अपने घर ले आया।

.....
 चमकौर की जंग शुरू और दुश्मनों से जूझते हुए गुरु साहिब के बड़े साहिबजादे श्री अजीत सिंह उम्र महज 17 वर्ष और छोटे साहिबजादे श्री जुझार सिंह उम्र महज 14 वर्ष अपने 11 अन्य साथियों सहित मजहब और मुल्क की रक्षा के लिए वीरगति को प्राप्त हुए।

 _*23 दिसंबर :*_

 गुरु साहिब की माता श्री गुजर कौर जी और दोनों छोटे साहिबजादे गंगू ब्राह्मण के द्वारा गहने एवं अन्य सामान चोरी करने के उपरांत तीनों को मुखबरी कर मोरिंडा के चौधरी गनी खान और मनी खान के हाथों ग्रिफ्तार करवा दिया गया और गुरु साहिब को अन्य साथियों की बात मानते हुए चमकौर छोड़ना पड़ा।

_*24 दिसंबर :*_

 तीनों को सरहिंद पहुंचाया गया और वहां ठंडे बुर्ज में नजरबंद किया गया।

_*25 और 26 दिसंबर:*_

 छोटे साहिबजादों को नवाब वजीर खान की अदालत में पेश किया गया और उन्हें धर्म परिवर्तन करने के लिए लालच दिया गया।

_*27 दिसंबर:*_

साहिबजादा जोरावर सिंह उम्र महज 8 वर्ष और साहिबजादा फतेह सिंह उम्र महज 6 वर्ष को तमाम जुल्म ओ जब्र उपरांत जिंदा दीवार में चीनने उपरांत जिबह (गला रेत) कर शहीद किया गया और खबर सुनते ही माता गुजर कौर ने अपने साँस त्याग दिए।

#अब निर्णय आप करो कि 
25 दिसंबर (क्रिसमस) को तवज्जो मिलनी चाहिए 
या 
क़ुरबानी की अनोखी और शायद दुनिया की इकलौती मिसाल को? 

इस शहीदी सप्ताह से सभी को अवगत करवाने हेतु अधिकाधिक शेयर करें ताकि लोगों को सिख धर्म की बुनियाद का पता चल सके।🙏
धन्यवाद 
जय श्री राम 
जय हिंदुत्व 
इन्कलाब जिंदाबाद 

निवेदक-समस्त प्रकाश जी माली 


मित्र मण्डल राजस्थान

Post a Comment

0 Comments